राजपुर सड़क की बदहाली पर फूटा जनाक्रोश चक्काजाम के बाद जागा प्रशासन
लिखित आश्वासन मिलने पर खुला रास्ता,सड़क निर्माण का दिलाया भरोसा
रायगढ़/ लैलूंगा-बाकारूमा-राजपुर मार्ग की वर्षों से बदहाल स्थिति को लेकर आखिरकार रविवार को लोगों का सब्र टूट गया। पूर्व भाजयुमो प्रदेश अध्यक्ष रवि भगत के नेतृत्व में स्थानीय ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों और क्षेत्रवासियों ने राजपुर बाजार के पास चक्काजाम कर प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। सड़क की जर्जर हालत से परेशान लोगों का कहना था कि कई वर्षों से शिकायतें, ज्ञापन और मांगों के बावजूद जिला प्रशासन और संबंधित विभाग ने कोई ठोस पहल नहीं की। नतीजा यह रहा कि आम जनता को अपनी आवाज बुलंद करने के लिए सड़क पर उतरना पड़ा।
गौरतलब हो कि चक्काजाम के कारण मार्ग पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। इसके बाद प्रशासनिक और लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के अधिकारी मौके पर पहुंचे। काफी देर तक चली चर्चा के बाद अधिकारियों ने लिखित आश्वासन दिया, जिसके बाद प्रदर्शनकारियों ने आंदोलन समाप्त किया।स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि सड़क की बदहाली कोई नई समस्या नहीं है। वर्षों से इस मार्ग पर बड़े-बड़े गड्ढे, उखड़ी सड़क और बारिश के दौरान कीचड़ से लोगों का आवागमन मुश्किल हो गया है। स्कूली बच्चे, मरीज, किसान और रोजाना सफर करने वाले लोग लगातार परेशानी झेल रहे हैं। इसके बावजूद प्रशासन ने कभी गंभीरता नहीं दिखाई। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते सड़क निर्माण की दिशा में ठोस कदम उठाए जाते तो चक्काजाम जैसी स्थिति पैदा ही नहीं होती।अधिकारियों ने लोगों को आश्वस्त किया कि निर्माण कार्य शुरू होने तक आमजन की परेशानी कम करने के लिए मार्ग की आवश्यक मरम्मत कराई जाएगी, ताकि बारिश के मौसम में आवागमन सुचारु रह सके।क्षेत्रवासियों का कहना है कि जब सड़क की हालत वर्षों से खराब थी, तब जिला प्रशासन और संबंधित विभाग ने स्वतः संज्ञान क्यों नहीं लिया? आखिर जनता को सड़क पर उतरकर चक्काजाम करने के लिए मजबूर क्यों होना पड़ा? अब लोगों की नजर प्रशासन के लिखित आश्वासन पर है कि वह जमीन पर कितना उतरता है।
आश्वासन पत्र में क्या कहा गया
पीडब्ल्यूडी अनुविभाग धर्मजयगढ़ के अनुविभागीय अधिकारी द्वारा दिए गए लिखित आश्वासन में कहा गया है कि बाकारूमा से लैलूंगा तक लगभग 23 किलोमीटर सड़क का निर्माण एडीबी (ADB) परियोजना में शामिल किया गया है।अधिकारी ने बताया कि इस मार्ग में राजपुर गांव के लगभग 600 मीटर हिस्से का निर्माण भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी नहीं होने के कारण नहीं हो सका था। संबंधित भू-स्वामियों को मुआवजा नहीं मिलने से निर्माण कार्य रोकना पड़ा था। अब भूमि अधिग्रहण की राशि संबंधित अधिकारियों के पास जमा करा दी गई है।
एडीबी से राशि नहीं मिलने पर डीएमएफ से होगा निर्माण
लिखित पत्र में यह भी उल्लेख किया गया है ।
लिखित आश्वासन के बाद समाप्त हुआ आंदोलन
प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य किसी को परेशान करना नहीं, बल्कि वर्षों से उपेक्षित सड़क की समस्या का समाधान कराना है। प्रशासन द्वारा लिखित आश्वासन दिए जाने के बाद ही चक्काजाम समाप्त किया गया। हालांकि आंदोलनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समय में निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ तो भविष्य में और बड़ा जनआंदोलन किया जाएगा।




