पंचायतों की समस्याओं को लेकर सरपंच संघ हुआ मुखर
कलेक्टर को ज्ञापन सौंप, समाधान की रखी मांग, 50 लाख के कार्य हेतु पंचायत को एजेंसी बनाने की मांग
रायगढ़/ जिले के ग्राम पंचायतों में आ रही विभिन्न समस्याओं को लेकर जिला सरपंच संघ रायगढ़ ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर समाधान की मांग की है। संघ का कहना है कि ग्राम पंचायतों के संचालन और विकास कार्यों में कई तरह की प्रशासनिक व वित्तीय समस्याएं सामने आ रही हैं, जिससे पंचायतों का कार्य प्रभावित हो रहा है।
सरपंच संघ द्वारा दिए गए ज्ञापन में बताया गया कि पंचायत प्रतिनिधियों को मिलने वाला मानदेय वर्तमान समय के हिसाब से बहुत कम है। इसलिए सरपंच का मानदेय 15 हजार रुपये और पंच का मानदेय 5 हजार रुपये प्रतिमाह किए जाने की मांग की गई है, ताकि पंचायत प्रतिनिधि बेहतर तरीके से अपने दायित्वों का निर्वहन कर सकें।इसके अलावा संघ ने बताया कि जनपद पंचायतों के पंचायती राज विभाग के अंतर्गत अधोसंरचना मद में किए गए कार्यों की लगभग 50 प्रतिशत राशि पिछले दो वर्षों से बकाया है। इस लंबित भुगतान के कारण पंचायतों को आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सरपंच संघ ने इस राशि का जल्द भुगतान कराने की मांग की है।ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि ग्राम पंचायतों में सीसी रोड सहित कई निर्माण कार्य पूर्ण हो चुके हैं, जिनका मूल्यांकन और सत्यापन होने के बाद भी उच्च कार्यालयों द्वारा भुगतान लंबित है। ऐसे में पंचायतों के ऊपर आर्थिक दबाव बढ़ रहा है। संघ ने इन सभी लंबित भुगतान को शीघ्र जारी करने की मांग की है।
सरपंच संघ ने यह भी कहा कि कई पंचायतों में जल जीवन मिशन के तहत अधूरे पड़े कार्यों को जल्द पूरा कराया जाए, ताकि ग्रामीणों को पेयजल की सुविधा मिल सके।
50 लाख के कार्य हेतु पंचायत को एजेंसी बनाने की मांग
इसके साथ ही संघ ने यह भी मांग की कि 50 लाख रुपये से अधिक लागत वाले विकास कार्यों को पंचायतों के कार्यक्षेत्र से बाहर न किया जाए। वर्तमान में इस सीमा के कारण कई विकास कार्य शुरू नहीं हो पा रहे हैं। यदि किसी पंचायत में स्वीकृत कार्य अब तक शुरू नहीं हुए हैं, तो उन्हें फिर से ग्राम पंचायतों को सौंपने की मांग की गई है।
तमनार को नगर पंचायत के दर्जे से आपत्ति
ग्राम पंचायत तमनार को नगर पंचायत में परिवर्तित करने का भी प्रस्ताव रखा गया है, ताकि क्षेत्र के तेजी से बढ़ते शहरीकरण के अनुसार बेहतर विकास और सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।सरपंच संघ ने कहा कि यदि इन समस्याओं का जल्द समाधान नहीं किया गया तो पंचायतों के विकास कार्य प्रभावित होते रहेंगे। उन्होंने प्रशासन से जल्द सकारात्मक निर्णय लेकर पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों को राहत देने की मांग की है।




