Sunday, February 8, 2026
Google search engine
HomeBlogवार्ड क्रमांक 38 में गुणवत्ताविहीन निर्माण

वार्ड क्रमांक 38 में गुणवत्ताविहीन निर्माण

वार्ड क्रमांक 38 में गुणवत्ताविहीन निर्माण, आमजन हो रहे परेशान,वीनिर्माण के चंद दिनों में उखड़ने लगी सड़क,अब ठेकेदार और इंजीनियर को निगम का फरमान, निगम के जिम्मेदारों की अनदेखी, ठेकेदार और इंजीनियर को महापौर का नोटिस

रायगढ़/शहर के वार्ड क्रमांक 38 में हाल ही में निर्मित की गई डामर सड़क की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। सड़क निर्माण को अभी कुछ ही दिन बीते हैं, लेकिन उसकी ऊपरी परत जगह-जगह से उखड़ने लगी है। सड़क पर बिछाई गई गिट्टी जमने के बजाय बाहर निकल रही है, जिससे मार्ग असमतल हो गया है।जिसका खामियाजा भविष्य में वार्डवासियों को उठाना पड़ सकता है। स्थानीय नागरिकों के अनुसार, वर्तमान स्थिति में सड़क पर चलना न केवल असुविधाजनक हो गया है, बल्कि दुर्घटना की आशंका भी बनी हुई है। जानकारों की माने तो सड़क निर्माण के दौरान डामर की मात्रा निर्धारित मानकों से कम रखी गई। इसके कारण गिट्टी सड़क की सतह से ठीक से चिपक नहीं पाई और हल्के वाहनों के गुजरते ही सड़क की परत उखड़ने लगी। यह स्थिति निर्माण कार्य में तकनीकी मानकों और गुणवत्ता मापदंडों की अनदेखी की ओर स्पष्ट रूप से इशारा करती है।

निगम के जिम्मेदारों की अनदेखी

गौरतलब है कि वार्ड 38 में नवनिर्मित गुणवत्ताविहीन सड़क की यह हालत नगर निगम प्रशासन और संबंधित ठेकेदार की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्न खड़े करती है।उक्त निर्माण से ही शहर के अन्य वार्डों में चल रहे सड़क और अन्य निर्माण कार्यों की स्थिति का अंदाजा सहज ही लगाया जा सकता है।स्थानीय लोगों का यह भी कहना है कि आमजन की सुविधा और सुरक्षित आवागमन के उद्देश्य से बनाई गई यह सड़क अपने घटिया निर्माण की कहानी खुद बयां कर रही है। वहीं, जिन कंधों पर शहर में मूलभूत सुविधाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी है, उन्हीं के वार्ड में इस तरह की स्थिति उत्पन्न होना निगम के कुछ अधिकारियों की लापरवाह और मनमानी कार्यशैली की ओर संकेत करता है। यह भी सवाल उठ रहा है कि क्या निर्माण कार्य के दौरान आखिर निगम के जिम्मेदार इंजीनियर क्या नींद में गाफिल थे

ठेकेदार और इंजीनियर को महापौर का नोटिस

आम नागरिकों की कड़ी मेहनत से दिए गए टैक्स के पैसों से कराए गए निर्माण कार्य में इस तरह की लापरवाही को लेकर लोगों में गहरी नाराजगी है। नागरिक पूछ रहे हैं कि आखिर गुणवत्ताविहीन निर्माण करने वाले ठेकेदारों पर निगम प्रशासन की इतनी मेहरबानी क्यों दिखाई जा रही है? क्या सड़क निर्माण के दौरान तकनीकी निगरानी, सामग्री की जांच और गुणवत्ता परीक्षण केवल कागजी औपचारिकताओं तक ही सीमित रह गए हैं?हालांकि मामला मेयर के संज्ञान में आते ही उनके द्वारा निर्माणकर्ता ठेकेदार और जवाबदार इंजीनियर को नोटिस दिए जाने की बात कही जा रही है।जिसमें पुनः सड़क निर्माण करवाने दावा किया जा रहा है।फिलहाल, वार्ड क्रमांक 38 की यह नवनिर्मित सड़क नगर निगम के दावों और जमीनी हकीकत के बीच के अंतर को उजागर करती नजर आ रही है। यदि समय रहते सड़क की तकनीकी जांच कराकर दोषपूर्ण हिस्सों का पुनर्निर्माण नहीं किया गया, तो यह सड़क कुछ ही महीनों में पूरी तरह जर्जर हो सकती है, जिसका सीधा खामियाजा क्षेत्र के आम नागरिकों को भुगतना पड़ेगा।

वर्शन/ शहर में निगम के निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।मेरे गृह वार्ड में गुणवत्ताविहीन सड़क निर्माण की जानकारी संज्ञान में आते ही ठेकेदार और इंजीनियर को नोटिस भेजा गया है।

जीवर्धन चौहान
महापौर नगर निगम

spot_img
spot_img

JANKARM DAILY EPAPER

Recent Artical